रायपुर (विश्व परिवार)। राजधानी रायपुर के लाखों नागरिकों के लिए राहत भरी खबर है। अब जमीन, मकान, प्लॉट या अन्य संपत्तियों की रजिस्ट्री कराने के लिए कलेक्टोरेट के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। लोगों की सुविधा और बढ़ती भीड़ को देखते हुए शासन ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में नए सब-रजिस्ट्री कार्यालय खोलने का फैसला किया है।
प्रस्तावित योजना के तहत सड्डू, वीआईपी रोड स्थित बेबीलोन, धरसींवा, बीरगांव, टाटीबंध और कमल विहार में नए सब-रजिस्ट्री कार्यालय खोले जाएंगे। इनमें से सड्डू और बेबीलोन के कार्यालयों को नया रायपुर की तर्ज पर हाईटेक बनाया जाएगा। यह व्यवस्था चरणबद्ध तरीके से अगले कुछ महीनों में लागू की जाएगी। प्रत्येक कार्यालय में एक-एक सब-रजिस्ट्रार की तैनाती रहेगी।
इधर कलेक्टोरेट परिसर में भी 9.16 करोड़ रुपये की लागत से नए पंजीयन कार्यालय भवन का निर्माण किया जा रहा है। नई इमारत में तीन जिला रजिस्ट्रार और आठ सब-रजिस्ट्रार बैठेंगे। शहर के अलग-अलग इलाकों में पंजीयन कार्यालय खुलने के बाद कलेक्टोरेट स्थित कार्यालय पर दबाव काफी हद तक कम हो जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार फिलहाल कलेक्टोरेट स्थित पंजीयन कार्यालय में रोजाना भारी संख्या में लोग पहुंचते हैं। लंबी कतारों के कारण आम नागरिकों को घंटों इंतजार करना पड़ता है। बुजुर्गों, महिलाओं और दूरदराज से आने वालों को खासतौर पर परेशानी होती है। नए कार्यालय खुलने से लोग अपने नजदीकी क्षेत्र में ही रजिस्ट्री करा सकेंगे, जिससे समय और श्रम दोनों की बचत होगी।
वर्तमान में कलेक्टोरेट कार्यालय में पांच सब-रजिस्ट्रार कार्यरत हैं, जहां प्रतिदिन औसतन 200 से अधिक रजिस्ट्रियां होती हैं। सीमित बैठने की व्यवस्था के कारण लोगों को गर्मी और बारिश में भी बाहर या आसपास के दफ्तरों में इंतजार करना पड़ता है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए लगाए गए सीसीटीवी कैमरे भी लंबे समय से खराब हैं। नई इमारत में पूरे परिसर और हर कक्ष में आधुनिक सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था होगी, जिससे सुरक्षा और पारदर्शिता दोनों सुनिश्चित की जा सकेगी।





