सुकमा (विश्व परिवार)। जिला पुलिस सुकमा ने एक बड़ी सफलता हासिल की है, जिसमें 22 माओवादी सदस्यों ने आत्मसमर्पण किया है। इनमें एक महिला भी शामिल है। ये सभी माओवादी छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति और पुलिस के बढ़ते प्रभाव से प्रभावित होकर मुख्यधारा में शामिल हुए हैं।
पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण ने बताया कि आत्मसमर्पित माओवादियों को शासन की पुनर्वास नीति के तहत 50-50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि और अन्य सुविधाएं दी जाएंगी। उन्होंने बताया कि जिला में लगातार नक्सल विरोधी अभियान चलाए जा रहे हैं, जिससे माओवादी संगठन का प्रभाव कम हो रहा है।
आत्मसमर्पित माओवादियों में गोंचे हुंगा, मड़कम बण्डी, मड़कम नन्दा, लक्ष्मी मुचाकी, मड़कम रामा, मड़कम सोमड़ा, मिडियाम आयता, मड़कम चैतु, माड़वी हुंगा, कुंजाम केसा, वेको विज्जा, वेको हड़मा, मुचाको सुक्का, माड़वी जोगा, मड़कम पाण्डु, नुप्पो देवा, भोगाम दसरू, सलवम लखमा और जगत उर्फ मुचाकी भीमा शामिल हैं। इस आत्मसमर्पण के पीछे डीआरजी सुकमा, जिला बल सुकमा, रेंज फिल्ड टीम जगदलपुर और सीआरपीएफ की विशेष भूमिका रही है।





