Chhattisgarh

कोरोना पर बुलाई सर्वदलीय बैठक खत्म

नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक बोले- लोगों को स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर विश्वास दिलाये सरकार, अमित जोगी ने क्रिकेट स्टेडियम को 15 हजार सीटर अस्पताल बनाने का दिया सुझाव

रायपुर (विश्व परिवार)।  कोरोना पर बुलाई सर्वदलीय बैठक खत्म हो गयी है। करीब ढाई घंटे चली इस बैठक में अलग पार्टियों के नेता शामिल हुए। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक, शिवरतन शर्मा, अमित जोगी सहित कई पार्टी के पदाधिकारी इस दौरान मौजूद रहे।

बैठक से बाहर निकले नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने आरोप लगाया कि प्रदेश में स्वस्थ्य व्यवस्था चौपट हो गयी है। सरकार विश्वास लोगों को नहीं दिला पा रही है, मॉनिटरिंग की कोई व्यवस्था नहीं है। उन्होंने मांग की, कि प्रदेश में मंत्री को मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी दी जानी चाहिए। कौशिक ने कहा कि एक तरफ प्रदेश में लॉकडाउन है और दूसरी तरफ जनसुनवाई चल रही है।

बता दें कि छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की ओर से बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में लॉकडाउन प्रोटोकॉल को तोड़ दिया गया। यह बैठक जूम एप के माध्यम से होनी थी। लेकिन आज सभी राजनीतिक दलों से रायपुर जिला पंचायत के सभागार में आने को कहा गया। यहां से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये राज्यपाल और मुख्यमंत्री से उनकी बात हुई। बैठक के दौरान राज्यपाल राजभवन और मुख्यमंत्री CM हाउस के वीडियो कॉन्फ्रेसिंग रूम में बैठे हुये थे। वहीं कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम कोण्डागांव के NIC कक्ष में बैठे थे। इस बात को लेकर राजनीतिक दलों ने नाराजगी भी जताई।

जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने कहा, कल हम लोगों को बताया गया कि जूम एप के जरिये वर्चुअल बैठक होगी। आज 12 बजे बताया गया कि जूम का जो पासवर्ड है वह रीसेट हो गया है इसलिये जूम में मीटिंग नहीं हो सकती। आज जितने भी दलों के नेताओं को यहां बुलाया गया, उन्हें अनावश्यक रूप से संक्रमण के खतरे में डाला गया है।

स्वास्थ्य मंत्री की अनुपस्थिति पर भी उठे सवाल

भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा ने बैठक में स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव की अनुपस्थिति पर भी सवाल उठा दिये। शर्मा ने कहा, कोरोना के खिलाफ लड़ाई में सरकार एकजुट है यह संदेश जनता के बीच जाना चाहिये। दुर्भाग्य से इस बैठक में स्वास्थ्य मंत्री को ही नहीं बुलाया गया है। स्वास्थ्य मंत्री को मुख्यमंत्री को पत्र लिखना पड़ता है। यह समाचार में छपता है। पत्र की बजाय संवाद करेंगे तो बेहतर परिणाम होगा। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने कहा, प्रदेश में स्वास्थ्य का भारी संकट है। लेकिन सर्वदलीय बैठक में स्वास्थ्य मंत्री को ही नहीं बुलाया गया। मतलब सरकार में समन्वय का अभाव है जिसका खामियाजा प्रदेश को भुगतना पड़ रहा है।

भाजपा ने दिये सुझाव

भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा और नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने अस्पतालों में ऑक्सीजन और वेंटिलेटर सुविधाओं की कमी का मामला उठाया। उनका सुझाव था कि सरकार को जितनी जल्दी हो सके ऑक्सीजन युक्त बेड और वेंटिलेटर की संख्या बढ़ानी चाहिये। जांच में तेजी लानी चाहिये। भाजपा नेताओं ने पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती करने का भी सुझाव दिया। भाजपा नेताओं ने स्वास्थ्य कर्मियों की सुविधा बढ़ाने की मांग की।

जनता कांग्रेस ने कोविड उपचार केंद्र का प्रस्ताव दिया

जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ की ओर से अमित जाेगी ने लंबा सुझाव रखा। उन्होंने रायपुर में एक कोविड उपचार केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव किया। उन्होंने कहा, सरकार अगर पांच हेक्टेयर जमीन और आर्थिक अनुदान देती है तो जनता कांग्रेस अपने संस्थापक अजीत जोगी की स्मृति में अस्पताल का एक प्रोटोटाइप मॉडल स्थापित करने का भरसक प्रयास करेगा। अमित जोगी ने क्रिकेट और हॉकी स्टेडियम को भी अस्पताल बनाने का सुझाव दिया। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम को कोविड हॉस्पिटल बनाया है, वहां 15 हज़ार से ज्यादा बेड के अस्पताल बन सकते हैं।

कांग्रेस ने कहा, यह राजनीति का समय नहीं

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा, यह वक्त राजनीति करने का नही है बल्कि लोगो की सेवा करने का है। उन्होंने कहा कि हमने अपनी पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं को लोगों की मदद करने को एवं शासन प्रशासन से सहयोग करने को पहले ही कहा है। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर कांग्रेस कार्यालयों को क्वॉरेंटीन सेंटर एवं आइसोलेशन सेंटर के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी जरूरतमंदों की मदद की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *