दिल्ली (विश्व परिवार)। प पू आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज के आशीर्वाद व प पू श्रमण सुव्रत सागर जी द्वारा संपादित ग्रंथ भक्तामर और भारतीय चित्रांकन लेखन एन पी उपाध्याय व पूण्यार्जक टी के मंजु वेद व महेन्द्र जी लुहाडिया ,प्रकाशन श्रमण संस्कृति सेवा ट्रस्ट का विमोचन भव्य एवं गरिमा मय कार्यक्रम में पवन गोधा दिल्ली, शरद कासलीवाल महासभा पदाधिकारी शरद जैन महालक्ष्मी चेनल , देवेंद्र सिंघई वास्तुविद केदार जैन ग्वालियर एवं आचार्य श्री जी के सान्निध्य मे ऋषभ विहार दिल्ली मे सम्पन्न हुआ।
सभी स्वाध्याय प्रेमियों के लिये ग्रंथ निःशुल्क उपलब्ध है इस दिन आचार्य श्री जी का पूरा प्रवचन ग्रंथ की विषय वस्तु पर केंद्रित रहा।
सनातन संस्कृति के विद्वान द्वारा रचित ग्रन्थ भक्तामर शोध कर्ताओं के लिये एक अमूल्य धरोहर सिद्ध होगा।







