देशनई दिल्ली

बजट 2026 : एफएण्डओ पर टैक्स बढऩे से शेयर बाज़ार धड़ाम, इनकम टैक्स के नए कानून और ऑरेंज इकोनॉमी पर बड़ा दांव

नई दिल्ली (विश्व परिवार)। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में अपना नौवां बजट (2026-27) पेश किया। इस बजट में एक तरफ जहां डिजिटल और क्रिएटिव अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयां देने का रोडमैप दिखा, वहीं दूसरी ओर शेयर बाजार के निवेशकों को तगड़ा झटका लगा है। शेयर बाजार में मची खलबली बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने जैसे ही फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (स्न&ह्र) पर सिक्योरिटी ट्रांज़ेक्शन टैक्स (स्ञ्जञ्ज) बढ़ाने का प्रस्ताव रखा, शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई।
टैक्स में वृद्धि: वायदा कारोबार पर स्ञ्जञ्ज को 0.02त्न से बढ़ाकर 0.05त्न कर दिया गया है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रेडिंग लागत बढऩे के डर से निवेशकों ने बिकवाली शुरू कर दी, जिससे सूचकांक नीचे आ गिरे।
1 अप्रैल से नया इनकम टैक्स कानून
करदाताओं को बड़ी राहत और सरलीकरण का वादा करते हुए वित्त मंत्री ने घोषणा की कि देश में नया इनकम टैक्स कानून 1 अप्रैल, 2026 से लागू होगा।
सरलीकरण : टैक्स नियमों को और अधिक सुगम बनाया जाएगा और नए फॉर्म नोटिफाई किए जाएंगे।
सुधार : अब करदाता मामूली फीस के साथ 31 मार्च तक अपना रिवाइज्ड रिटर्न जमा कर सकेंगे, जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता और लचीलापन आएगा।
ऑरेंज इकोनॉमी और युवाओं के लिए 20 लाख नौकरियांबजट का एक बड़ा हिस्सा एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (्रङ्कत्रष्ट) यानी ऑरेंज इकोनॉमी को समर्पित रहा।
भारत का ्रङ्कत्रष्ट सेक्टर एक उभरता हुआ उद्योग है। हमारा लक्ष्य 2030 तक इस क्षेत्र में 20 लाख पेशेवरों की फौज तैयार करना है। — निर्मला सीतारमण, वित्त मंत्री
इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए मुंबई स्थित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज की मदद से देश के 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित की जाएंगी।
अन्य प्रमुख घोषणाएं : स्वास्थ्य, शिक्षा और तकनीक
आयुर्वेद पर जोर: देश में तीन नए अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान और जामनगर में एक वैश्विक आयुर्वेद रिसर्च सेंटर खोला जाएगा।
महिला सशक्तिकरण: सरकार ने देश के हर जिले में एक गर्ल्स हॉस्टल बनाने का महत्वाकांक्षी प्रस्ताव रखा है।
खेती में ्रढ्ढ: कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (्रढ्ढ) तकनीक का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जाएगा।
भारत विस्ता: भाषाई बाधाओं को दूर करने के लिए भारत विस्ता नाम का एक टूल लॉन्च किया जाएगा, जो विभिन्न भारतीय भाषाओं में सेवाएं प्रदान करेगा।

Leave A Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts