बिलासपुर (विश्व परिवार)। सिम्स के डॉक्टरों ने एक जटिल ऑपरेशन कर मरीज के जांघ से बंदूक की गोली सफलतापूर्वक निकाल दी। इस प्रक्रिया से मरीज का पैर बचा लिया गया, जिसे गंभीर हालत में पामगढ़ अस्पताल से सिम्स रेफर किया गया था।
पंकज कश्यप को 23 मार्च को जांघ में गोली लगने के बाद गंभीर अवस्था में सिम्स लाया गया था। गोली महत्वपूर्ण रक्त वाहिकाओं के बेहद करीब फंसी हुई थी, जिससे पैर में संक्रमण का गंभीर खतरा था। मरीज की चिंताजनक स्थिति को देखते हुए सिम्स के डॉक्टरों ने तुरंत इमरजेंसी ऑपरेशन का फैसला लिया। हड्डी रोग विभाग के डॉ. तरुण सिंह ने बताया कि शरीर में गोली में रहने से इन्फेक्शन का डर हो सकता था, इसलिए बिना देर किए सर्जरी की जरुरत थी।
डॉ. सिंह ने बताया कि गोली जांघ की प्रमुख रक्त नसों के बेहद पास फंसी हुई थी, जिससे ऑपरेशन काफी चुनौतीपूर्ण हो गया था। हालांकि, पूरी सावधानी और तकनीकी दक्षता के साथ सर्जन टीम ने सफलतापूर्वक बुलेट को बाहर निकाल लिया और मरीज के पैर को बचा लिया।





