रायपुर (विश्व परिवार)। आईएसबीएम विश्वविद्यालय में सम सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए ओरिएंटेशन प्रोग्राम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक प्रणाली, नियमावली, पाठ्यक्रम संरचना एवं उपलब्ध संसाधनों से परिचित कराना था।
कार्यक्रम का मंच संचालन सहायक प्राध्यापक शिक्षा जगत द्वारा किया गया। उन्होंने मंच से सभी विद्यार्थियों का स्वागत किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आनंद महलवार उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए विश्वविद्यालय जीवन में अनुशासन, लक्ष्य निर्धारण एवं निरंतर परिश्रम के महत्व पर प्रकाश डाला तथा सभी विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं।
ओरिएंटेशन प्रोग्राम के दौरान विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के विजन एवं मिशन, शैक्षणिक योजना, लाइब्रेरी सुविधाएँ, ई-लर्निंग एवं डिजिटल संसाधन, अनुशासन, आचार संहिता एवं छात्र कल्याण से जुड़ी विभिन्न सुविधाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
इस अवसर पर एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. रीता दीवानजी ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए उन्हें सक्रिय रहने तथा अपने व्यक्तित्व को सही मायनों में कौशल, आत्मविश्वास एवं मूल्यों से परिपूर्ण बनाने का संदेश दिया।
वहीं एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. त्रिलोक चंद बाघ ने विद्यार्थियों को अत्यंत प्रभावशाली उदाहरणों के माध्यम से प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आराम से दूरी बनाकर मेहनत को अपनाना ही प्रगति का मार्ग है। उन्होंने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि निरंतर श्रम, समर्पण एवं अनुशासन से ही विद्यार्थी अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सकते हैं। उनके प्रेरक उदाहरणों से विद्यार्थियों में नई ऊर्जा एवं उत्साह का संचार हुआ।
कार्यक्रम के अंत में असिस्टेंट प्रोफेसर अपुर्व रंजन ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस सफल आयोजन के लिए विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. विनय एम. अग्रवाल एवं कुलपति डॉ. आनंद महलवार ने संबंधित विभाग को बधाई दी तथा भविष्य में भी इस प्रकार के प्रेरणादायक एवं छात्र-हितकारी कार्यक्रमों के आयोजन हेतु पूर्ण सहयोग एवं प्रोत्साहन देने की बात कही।





