नई दिल्ली (विश्व परिवार)। केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वर्ष 2026 के लिए भारतीय रेलवे में बड़े सुधारों की घोषणा की है। “रिफॉर्म एक्सप्रेस” पहल के तहत पहले घोषित 4 सुधारों के साथ अब 5 नए सुधारों को मंजूरी दी गई है, जिससे कुल सुधारों की संख्या 9 हो गई है। ये सुधार माल ढुलाई, निर्माण गुणवत्ता और यात्री सुविधाओं से जुड़े हैं।
नमक परिवहन में सुधार
भारत में हर साल लगभग 35 मिलियन टन नमक का उत्पादन होता है, जिसमें से करीब 9.2 मिलियन टन रेलवे के माध्यम से परिवहन किया जाता है। इस क्षेत्र में सुधार के लिए स्टेनलेस स्टील से बने विशेष कंटेनर विकसित किए गए हैं, जिनमें ऊपर से लोडिंग और साइड से अनलोडिंग की सुविधा होगी। इससे जंग, रिसाव और बार-बार हैंडलिंग की समस्या कम होगी और परिवहन अधिक सुरक्षित व किफायती बनेगा।
ऑटोमोबाइल ट्रांसपोर्ट में बदलाव
ऑटोमोबाइल क्षेत्र में रेलवे की हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए वैगनों के डिजाइन में लचीलापन लाया गया है। अब निर्माता अपनी जरूरत और रूट के अनुसार उच्च क्षमता वाले वैगन डिजाइन कर सकेंगे, जिससे सड़क पर निर्भरता कम होगी और रेल परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।
निर्माण गुणवत्ता में सुधार
रेल परियोजनाओं में गुणवत्ता और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए कई अहम बदलाव किए गए हैं:
- पात्रता मानदंड सख्त किए गए
- बोली सुरक्षा 2% निर्धारित
- ₹10 करोड़ से अधिक परियोजनाओं के लिए बोली क्षमता का आकलन अनिवार्य
- भ्रष्टाचार और फर्जीवाड़े पर कड़े दंड
- परियोजना शुरू होने से पहले विस्तृत योजना अनिवार्य
- उप-ठेकेदारी सीमा 70% से घटाकर 40%
- अत्यधिक कम बोली पर अतिरिक्त परफॉर्मेंस गारंटी
यात्री सुविधाओं में सुधार
- रेलवे ने टिकटिंग सिस्टम को अधिक पारदर्शी और यात्री अनुकूल बनाने के लिए कई बदलाव किए हैं:
- टिकट रद्द करने की समय-सीमा अब 72, 24 और 8 घंटे पहले
- देश के किसी भी स्टेशन से काउंटर टिकट रद्द करने की सुविधा
- ई-टिकट पर TDR की आवश्यकता समाप्त, स्वतः रिफंड मिलेगा
- यात्रा से 30 मिनट पहले तक क्लास अपग्रेड की सुविधा
- फर्जी बुकिंग रोकने के लिए आधार-आधारित OTP और तकनीकी निगरानी
बोर्डिंग स्टेशन बदलने की सुविधा
अब यात्री ट्रेन के प्रस्थान से 30 मिनट पहले तक डिजिटल रूप से अपना बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे, जिससे उन्हें अधिक लचीलापन मिलेगा।
अन्य प्रमुख पहल
- ऑन-बोर्ड सफाई सेवाओं का विस्तार
- गति शक्ति कार्गो टर्मिनल नीति में सुधार
- ‘रेलटेक नीति’ के तहत नवाचार को बढ़ावा
- रेलवे दावा अधिकरण (e-RCT) का डिजिटलीकरण
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि इन सुधारों का उद्देश्य रेलवे की कार्यक्षमता बढ़ाना, यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देना और देश में आधुनिक व पारदर्शी रेल प्रणाली विकसित करना है।





