रायपुर (विश्व परिवार)। श्री रावतपुरा सरकार यूनिवर्सिटी, रायपुर में केंद्रीय बजट 2026-27 के संदर्भ में विशेष चर्चा हेतु “युवा संवाद – युवा शक्ति बजट” कार्यक्रम का गरिमामय एवं सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में युवाओं, विद्यार्थियों एवं शिक्षकों की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री गुरु खुशवंत साहेब जी, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा तथा रोजगार, कैबिनेट मंत्री, छत्तीसगढ़ शासन रहे। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि केंद्रीय बजट 2026-27 में युवाओं के कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा के विस्तार, स्टार्टअप प्रोत्साहन एवं रोजगार सृजन पर विशेष बल दिया गया है। यह बजट “युवा शक्ति” को राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा में लाने वाला बजट है, जो विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर एवं प्रतिस्पर्धी बनने की दिशा में नई ऊर्जा प्रदान करेगा।
विशिष्ट अतिथियों के रूप में उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने भी बजट के विभिन्न प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए इसे शिक्षा, नवाचार, उद्यमिता एवं डिजिटल सशक्तिकरण के लिए लाभकारी बताया।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के प्रतिकुलाधिपति प्रो. एस. भट्टाचार्य ने अपने संबोधन में कहा कि यह बजट उच्च शिक्षा संस्थानों के लिए अनुसंधान, नवाचार एवं उद्योग-शिक्षा समन्वय को सुदृढ़ करने का अवसर प्रदान करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे नई नीतियों एवं योजनाओं का लाभ उठाकर अपने कौशल को विकसित करें और राष्ट्र के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाएं।
कुलपति प्रो. सौरभ चतुर्वेदी ने कहा कि “युवा शक्ति बजट” शिक्षा के साथ-साथ कौशल, तकनीकी दक्षता एवं स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय भी विद्यार्थियों को उद्योगोन्मुखी शिक्षा एवं प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत है, जिससे वे रोजगारोन्मुख एवं आत्मनिर्भर बन सकें।
कुलसचिव डॉ. कमल कुमार प्रधान ने अपने उद्बोधन में कहा कि यह बजट प्रशासनिक पारदर्शिता, डिजिटल प्रक्रियाओं के सुदृढ़ीकरण एवं युवा उन्मुख योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का मार्ग प्रशस्त करता है। उन्होंने विद्यार्थियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं स्कॉलरशिप का लाभ लेने हेतु प्रेरित किया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने बजट से संबंधित प्रश्न पूछकर अपने विचार साझा किए तथा रोजगार, उद्यमिता और कौशल विकास से जुड़े विषयों पर सार्थक संवाद किया। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा सभी अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। यह आयोजन युवाओं के लिए ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायी एवं मार्गदर्शक सिद्ध हुआ।





