- युवाओं महिलाओं, किसानों सहित समाज के कमजोर वर्ग को सौगात देने की तैयारी
- डेढ़ लाख करोड़ का अनुमानित बजट पेश किये जाने की तैयारी
- भारत देश के छोटे राज्यों में छग का सबसे बड़ा बजट बनाया जा रहा है
- अनुसूचित जाति जनजाति शिक्षा एवं स्वास्थ्य को बड़ी राशि की जाएगी आबंटित
रायपुर (विश्व परिवार)। छत्तीसगढ़ का 26-27 का वार्षिक बजट वित्त मंत्री ओपी चौधरी द्वारा 24 मार्च को विस में पेश किया जाएगा। मोदी की गारंटी और भाजपा के घोषणा पत्र के अनुसार महिला युवा किसान तथा मजदूर वर्ग के हितों के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाएं जाएंगे। यह बजट कुल डेढ़ लाख करोड़ का अनुमानित बजट होगा। इसमें राजकोषिय घाटा तथा समाज के कमजोर वर्ग के लिए भी अनेक घोषणाएं की जाएंगी। शिक्षा स्वास्थ्य अधोसंरचना विकास को प्राथमिकता दी जाएगी। प्रदेश के वित्तमंत्री ओपी चौधरी विस में प्रश्रकाल के तत्काल पश्चात बजट पेश करेंगे। वर्ष 26-27 के बजट में वे अपना बजट भाषण पढ़ेंगे तथा कुल आय व्यय की जानकारी देेंगे। राज्य में जीएसटी लागू होने के कारण इस समय कोई नया कर नहीं लगाया जाएगा। लेकिन आय के स्रोत बढ़ाये जाने के लिए आवश्यक कदम उठाएं जाएंगे।
बजट में शिक्षा, स्वास्थ्य और अधोसंरचनाा विकास को प्राथमिकता दी जाएगी।
महतारी वंदन और स्थापना व्यय में सर्वाधिक खर्च
सरकार द्वारा किसानों के हितों के लिए समर्थन मूल्य पर धान खरीदा जाता है वहीं अंतर की राशि भी दी जाती है जिस पर प्रति वर्ष बजट का आधे से ज्यादा हिस्सा खर्च हो जाता है। इसमें 50 हजार करोड़ व्यय होते है। वहीं हर महीने स्थापना व्यय के नाम पर 25 सौ करोड़ और महतारी वंदन योजना पर आठ सौ करोड़ खर्च होते है। जिसके लिए धन जुटाना सरकार के लिए टेढी खीर हो जाता है। राज्य में इस समय केंद्र परिवर्तित योजनाओं पर ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है।
पंचायत आदिम जाति एवं स्वास्थ्य में केंद्र से मिल रही बड़ी राशि
राज्य में पंचायत विभाग के अधीन बीजी राम जी (मनरेगा) प्रधानमंत्री आवास योजना प्रधानमंत्री सडक़ योजना एवं अन्य पेंशन योजना सहित महत्वपूर्ण कार्य किये जा रहे है केंद्र से इसके लिए निरंतर अनुदान मिल रहा है। स्वास्थ्य विभाग में एड्स नेत्र जांच शिविर एवं पीएम श्री केयर योजना के अलावा हाथी पांव तथा अन्य रोगों के लिए केंद्र परिवर्तित योजना लाभकारी सिद्ध हो रही है। राज्य में शिक्षा विभाग में मीड डे मिल के नाम से एक बड़ी राशि मिलती है। वहीं नगरीय निकाय में जेएनआरयूएम भागीरथी जल योजना गरीबी अपशमन योजना सहित अन्य योजनाएं संचालित की जा रही है जिससे राज्य का सर्वाधिक विकास हो रहा है।
ट्रेवल का पांच हजार करोड़ का बजट होगा
राज्य में इस वर्ष आदिम जाति जनजाति विभाग को पांच हजार से अधिक का बजट प्राप्त होने का अनुमान है। ट्रेवल सप्लान छात्रवृत्ति पोटा केविन सहित अन्य योजनाओं के लिए एक बड़ी राशि दी जाती है इसके पश्चात गृह विभाग एवं वन विभाग को भी इतनी बड़ी राशि मिलने का अनुमान है।
बजट में आबंटित राशि का नहीं हो पाता उपयोग
राज्य शासन द्वारा प्रति वर्ष वित्तीय वर्ष में जो राशि खर्च करना होता है उसका 25 प्रतिशत राशि खर्च नहीं हो पाता । राज्य में लोक निर्माण नगरीय निकाय तथा पंचायत विभाग की अनेक महत्वाकांक्षी योजनाएं समय में पूरी नहीं हो पाती जिसके चलते यह राशि खर्च नहीं हो पा रही है। राज्य सरकार को तेंदूपत्ता जीएसटी खनिज सहित अन्य विभागों से बड़ी राशि मिलने की उम्मीद है जीएसटी लागू होने के बाद केंद्र सरकार से ही राशि मिलती है राज्य में कुल बजट का 65 प्रतिशत राशि केंद्र से मिलती है तथा 35 प्रतिशत राज्य कर के रूप में प्राप्त होता है। ऐसे समय में बजट बनाना तथा व्यय सीमा बढ़ाना एक चुनौती है वित्त मंत्री के लिए।





