नई दिल्ली (विश्व परिवार)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो देशों के दौरे के दूसरे फेज में रविवार रात 2:18 बजे स्लोवाकिया पहुंचे. राजधानी ब्रातिस्लावा में विदेश और यूरोपीय मामलों के मंत्री जुराय ब्लानार ने उनका स्वागत किया. इसके बाद ब्रातिस्लावा में स्लोवाक रिपब्लिक के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको के साथ पीएम मोदी की मुलाकात हुई. इस दौरान दोनों देश टेक्नोलॉजी से लेकर AI में आपसी सहयोग बढ़ाने पर सहमत हुए. इस आधिकारिक मुलाकात के बाद पीएम मोदी ने जॉइंट प्रेस मीट को संबोधित करते हुए कहा कि मुझे खुशी है कि इस ऐतिहासिक अवसर पर हमने अपने संबंधों को व्यापक भागीदारी का दर्जा देने का निर्णय लिया है।
India-EU FTA को अंतिम रूप देने में स्लोवाकिया से मिले सहयोग के लिए मैं प्रधानमंत्री का विशेष आभार व्यक्त करता हूं. उन्होंने कहा कि हम इसके जल्द से जल्द लागू करने के लिए काम करेंगे ताकि दोनों देशों के उद्योग, स्टार्टअप्स और ट्रेडर्स इसका अधिकतम लाभ उठा सकें।
पीएम मोदी ने कहा कि मुझे खुशी है कि स्लोवाकिया की एक यूनिवर्सिटी में AI के विषय पर इंडिया चेयर स्थापित की जा रही है. AI मानवता की सेवा और प्रगति का सशक्त माध्यम बने, यही हमारी साझा सोच है. हमारा मानना है कि AI का भविष्य केवल नवाचार से नहीं, बल्कि विश्वास, जिम्मेदारी और मानवीय गरिमा पर आधारित होना चाहिए।
दोनों देशों के बीच Letter of Intent पर हस्ताक्षर
उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच गहरे सांस्कृतिक और लोगों के बीच संबंध हमारे संबंधों को मजबूत आधार प्रदान करते हैं. भारत के प्राचीन उपनिषदों का स्लोवाक भाषा में अनुवाद किया जाना हमारी सांस्कृतिक निकटता का उत्कृष्ट उदाहरण है।
पीएम मोदी ने कहा कि स्लोवाकिया में रह रहे भारतीय मूल के लोग यहां की अर्थव्यवस्था और समाज में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं. रक्षा सहयोग हमारे गहरे आपसी विश्वास और रणनीतिक अभिसरण का प्रमाण है. मुझे खुशी है कि इस महत्वपूर्ण क्षेत्र में आज हमने Letter of Intent sign किया।
उन्होंने कहा कि इससे joint development, joint production और defence industries के बीच सहयोग को नई गति मिलेगी. 2017 में, स्लोवाकिया का पहला सैटेलाइट भारत ने लॉन्च किया था. आज, भारत का स्पेस सेक्टर बहुत तेजी से नई ऊंचाइयों को छू रहा है. मैं स्लोवाक कंपनियों को ग्रोथ और डेवलपमेंट की इस यात्रा में शामिल होने के लिए इनवाइट करता हूं।
EU FTA, AI और डिफेंस सहयोग पर बनी सहमति
इस अवसर पर स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको ने कहा, “स्लोवाक रिपब्लिक और भारत ऐसे देश हैं जो कई कॉमन टॉपिक से जुड़े हुए हैं. मैं भारत को उन शानदार नतीजों के लिए बधाई देना चाहता हूं जो आप हासिल कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी आबादी वाले देश के पीएम का स्वागत करना मेरे लिए बहुत सम्मान की बात है, लेकिन साथ ही एक ऐसा देश जो दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी इकॉनमी है, और जिसका दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी इकॉनमी बनने का सपना है।
उन्होंने कहा कि मैं अलग-अलग एरिया में आपके हासिल किए गए नतीजों के लिए बधाई देता हूं. आप डिजिटलाइजेशन और AI के इस्तेमाल के फील्ड में छाए हुए हैं. आप इतनी आगे आ गए हैं कि आप दुनिया के अलग-अलग हिस्सों के कई एडवांस्ड देशों से भी तेज हैं. हम EU में संघर्ष कर रहे हैं. अगर हम 6-7% ग्रोथ हासिल कर सकते हैं तो EU क्या कर सकता है? उन्होंने कहा कि भारत को सिक्योरिटी काउंसिल में परमानेंट मेंबर शिप मिलनी चाहिए।
स्लोवाकिया में 9 हजार से ज्यादा भारतीय
स्लोवाकिया में 9,200 से ज्यादा भारतीय रहते हैं। स्लोवाकिया में भारतीय आईटी सेवाओं, डेवलपमेंट सेंटर्स और तकनीकी क्षेत्रों में काम कर रहे हैं. स्लोवाकिया के शेंगेन (यूरोपी देशों का समूह जहां एस वीजा से एंट्री मिलती है) देश होने की वजह से भारतीयों को एक ही वीजा पर 26 देश घूमने की सुविधा मिलती है।
I thank Prime Minister Fico for the warm welcome at the iconic Bratislava Castle. We shall keep working together to further strengthen the India-Slovakia friendship.@RobertFicoSVK pic.twitter.com/8552LodfUG
— Narendra Modi (@narendramodi) June 15, 2026







