- प्रातः काल में बच्चों ने किया भक्तिभाव से जिन अभिषेक एवं विश्व-शांतिधारा का पाठ
- 9 दिनों तक सीखे गए नैतिक मूल्यों और ‘बाल बोध’ व ‘छहढाला’ के सिद्धांतों की आयोजित हुई विशेष परीक्षा
रायपुर (विश्व परिवार)। मालवीय रोड स्थित ऐतिहासिक श्री आदिनाथ दिगंबर जैन बड़ा मंदिर (लघु तीर्थ) में चल रहे 10 दिवसीय ‘ग्रीष्मकालीन श्रमण संस्कृति संस्कार शिक्षण शिविर’ के नौवें दिन ज्ञान को परखने का एक अद्भुत और अनुशासित दृश्य देखने को मिला। संत शिरोमणि आचार्य श्री 108 विद्यासागर जी महाराज की पावन प्रेरणा और श्री दिगंबर जैन श्रमण संस्कृति संस्थान, सांगानेर (जयपुर) के तत्वावधान में आयोजित इस शिविर में आज परीक्षा दिवस पर श्रावकों का अभूतपूर्व उत्साह नजर आया।
सुबह की शुरुआत जिन अभिषेक और शांतिधारा से
शिविर के नवम दिवस की शुरुआत प्रतिदिन की भांति पूर्ण धार्मिक क्रियाओं के साथ हुई। सुबह ठीक 7:00 बजे नन्हे-मुन्ने शिविरार्थियों और श्रावकों द्वारा देव-शास्त्र-गुरु के पावन सानिध्य में देव वंदना की गई।
इसके पश्चात मंदिर जी में सामूहिक जिन अभिषेक एवं विश्व-शांतिधारा का मंगल पाठ पूरे विधि-विधान से संपन्न हुआ, जिससे पूरा मंदिर प्रांगण भक्तिमय भजनों और मंत्रोच्चार से गूंज उठा।
विगत 9 दिनों से जयपुर (सांगानेर) और स्थानीय विद्वानों द्वारा दिए जा रहे जैन धर्म, सदाचार और नैतिक शिक्षा के मूल्यांकन हेतु आज एक विशेष लिखित परीक्षा का आयोजन किया गया। इस परीक्षा को लेकर शिविरार्थियों में गजब की उत्सुकता देखी गई:
नन्हे बच्चों ने ‘बाल बोध’ (भाग 1, 2 व 3) में सीखे गए सिद्धांतों, माता-पिता की आज्ञा का पालन, मोबाइल से दूरी जैसे व्यावहारिक संस्कारों पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दिए।
प्रौढ़ एवं युवा वर्ग के स्वाध्यायियों ने प्रसिद्ध जैन ग्रंथ ‘छहढाला’ और ‘इष्टोपदेश’ के गूढ़ विषयों, जैसे- मिथ्यात्व का स्वरूप और लेश्याओं के सिद्धांत पर अपनी विद्वत्ता का परिचय देते हुए परीक्षा दी।
परीक्षा के दौरान पूरा मंदिर परिसर किसी पावन परीक्षा केंद्र की तरह अनुशासित नजर आ रहा था, जहाँ हर आयु वर्ग के लोग अपनी धार्मिक योग्यता को परख रहे थे। यह पूरा सत्र सांगानेर के प्रतिष्ठित विद्वान अभिषेक जैन शास्त्री “आयांश”, विद्वान शरद जैन शास्त्री एवं रायपुर के विद्वान सौरभ जैन शास्त्री के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
कल होगा भव्य समापन और महा-पुरस्कार वितरण समारोह
श्री दिगम्बर जैन पंचायत ट्रस्ट (कार्य समिति) एवं आदिनाथ विद्या धार्मिक पाठशाला के पदाधिकारियों ने संयुक्त रूप से जानकारी दी कि कल इस 10 दिवसीय शिविर का भव्य समापन समारोह आयोजित किया जाएगा। समापन के अवसर पर सभी संभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए जाएंगे, साथ ही आज की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी बच्चों, युवाओं और महिलाओं को समाज के वरिष्ठ जनों द्वारा विशेष पुरस्कारों से सम्मानित किया जाएगा।
ट्रस्ट ने रायपुर के समस्त जैन समाज से अपील की है कि कल सुबह 7 बजे आयोजित होने वाले इस समापन समारोह में सपरिवार पधारकर बच्चों का उत्साहवर्धन करें और धर्म लाभ लें।







