बेमेतरा (विश्व परिवार)। हेमचंद यादव विश्वविद्यालय (दुर्ग विश्वविद्यालय) से संबद्ध जवाहरलाल नेहरू कला एवं विज्ञान महाविद्यालय के छात्रों ने परीक्षा परिणाम में गड़बड़ी, परीक्षा देने के बावजूद अनुपस्थित दर्शाने सहित अन्य शिकायतों को लेकर बीते तीन घंटे से नेशनल हाइवे 30 पर चक्काजाम कर प्रदर्शन कर रहे हैं. मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासन के अधिकारी छात्रों को समझाइश देने का प्रयास कर रहे हैं।
नेशनल हाइवे पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के बैनर तले प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने आरोप लगाया कि अनेक छात्रों को अनावश्यक रूप से ATKT प्रदान की गई है, कई विद्यार्थियों को परीक्षा देने के बावजूद अनुपस्थित दर्शाया गया है, कुछ विद्यार्थियों के परिणाम अभी तक घोषित नहीं हुए हैं. कई विद्यार्थियों के अंकों में त्रुटि विद्यार्थियों पर बिना पर्याप्त एवं निष्पक्ष जांच के UFM (Unfair Means) की कार्रवाई की गई है, जिसके कारणों से विद्यार्थियों का परिणाम अटक गया है।
छात्रों ने बताया कि वे किसान, मजदूर एवं सामान्य परिवारों से आते हैं. अनेक बच्चों के अभिभावक दिन-रात मेहनत कर अपने उन्हें उच्च शिक्षा दिलाने का रहे हैं. ऐसे में जब किसी विद्यार्थी को प्रशासनिक या तकनीकी त्रुटि के कारण परेशानी का सामना करना पड़ता है, तब उसका असर पूरे परिवार पर पड़ता है. छात्रों ने कहा कि उन्होंने प्रवेश परीक्षा एवं अन्य सभी शुल्क महाविदयालय में जमा किए हैं, इसलिए उनकी समस्याओं के समाधान की जिम्मेदारी भी महाविदयालय-विश्वविद्यालय प्रशासन की है।
छात्रों की प्रमुख मांगें –
- ATKT प्रकरणों की निःशुल्क पुनः जांच कराई जाए।
- उपस्थित होने के बावजूद अनुपस्थित दर्शाए गए विद्यार्थियों के मामलों का तत्काल निराकरण किया जाए।
- लंबित परिणामों को शीघ्र घोषित किया जाए।
- अंकपत्र एवं परिणामी में हुई तकनीकी त्रुटियों का सुधार किया जाए।
- UFM के सभी मामलों की निष्पक्ष समीक्षा कर गलत कार्यवाही को निरस्त किया जाए।
- विद्यार्थियों से किसी भी प्रकार का अतिरिक्त शुल्क न लिया जाए।
- विद्यार्थियों की समस्याओं का निराकरण महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालय स्तर पर प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।
- विद्यार्थियों को अनावश्यक रूप से विश्वविद्यालय के चक्कर न लगाने पड़े, इसकी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
- यदि किसी प्रकरण में विश्वविद्यालय जाना आवश्यक हो, तो महाविद्यालय का अधिकृत प्रतिनिधिमंडल विद्यार्थियों के साथ उपस्थित होकर उनकी समस्याओं के समाधान में सहयोग प्रदान करे।
- सभी समस्याओं के निराकरण हेतु समयबदध कार्ययोजना जारी की जाए।







