कार्यक्रम में भारतीय रिजर्व बैंक के संसाधन व्यक्ति एवं उप महाप्रबंधक अमरेंद्र गुप्ता ने आरबीआई की भूमिका और भारत में डिजिटल बैंकिंग के विकास के बारे में जानकारी दी। वहीं, आरबीआई के मैनेजर देवव्रत सरकार ने एनबीएफसी, साइबर धोखाधड़ी के विभिन्न तरीकों और उनसे बचाव के उपायों पर विस्तार से चर्चा की। आरबीआई के असिस्टेंट समीर धनवार ने विषय से संबंधित क्विज का संचालन किया।
इससे पहले कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एनटीपीसी के मुख्य महाप्रबंधक (राख प्रबंधन) एस. मधु ने भारतीय रिजर्व बैंक से आए अमरेंद्र गुप्ता और उनकी टीम का स्वागत किया। उन्होंने इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रमों को डिजिटल वित्तीय सेवाओं के सुरक्षित उपयोग के लिए महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम के दौरान डिजिटल बैंकिंग का सुरक्षित उपयोग, साइबर धोखाधड़ी से बचाव और वित्तीय जागरूकता जैसे विषयों पर जानकारी साझा की गई। इसका उद्देश्य कर्मचारियों को ऑनलाइन वित्तीय लेनदेन के दौरान सतर्क रहने और साइबर अपराधों के प्रति जागरूक बनाना रहा।
उल्लेखनीय है कि प्रत्येक वर्ष अक्टूबर माह को राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा जागरूकता माह के रूप में मनाया जाता है। इसका उद्देश्य लोगों, सूचनाओं और डिजिटल प्रणालियों को सुरक्षित रखने के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को प्रोत्साहित करना है।







