रायपुर/महासमुंद (विश्व परिवार) । छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने महासमुंद के प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) विजय कुमार लहरे को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई चौथी बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र में विवादित प्रश्न पूछे जाने, विभागीय आदेशों की अवहेलना और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के बाद की गई है।
जारी आदेश के अनुसार, चौथी की परीक्षा में अंग्रेजी विषय के प्रश्नपत्र में “कुत्ते का नाम शेर या राम?” जैसे आपत्तिजनक सवाल पूछे जाने के मामले में जांच हुई थी। जांच में पाया गया कि प्रश्नपत्र निर्माण और मॉडरेशन प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही बरती गई। शासन ने इसे धार्मिक और सामाजिक भावनाओं को आहत करने वाला मामला माना है।
इसके अलावा, विभागीय जांच में यह भी सामने आया कि हाईकोर्ट में दायर याचिका से जुड़े मामले में तत्कालीन प्रभारी DEO रहते हुए विजय लहरे ने विभागीय निर्देशों का पालन नहीं किया और निजी व्यक्ति के माध्यम से जवाब प्रस्तुत कराया।
स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से कराए गए लेखा परीक्षण में भी उनके कार्यकाल के दौरान विभागीय लेखाओं में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने की बात कही गई है। शासन ने इसे छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के विपरीत गंभीर कदाचार माना है।
निलंबन अवधि में विजय लहरे का मुख्यालय संभागीय संयुक्त संचालक (शिक्षा संभाग) रायपुर निर्धारित किया गया है। वहीं उनके स्थान पर बीएल देवांगन को महासमुंद DEO का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।









