रायपुर (विश्व परिवार)। छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने प्रदेशभर में “शाला प्रवेश उत्सव 2026” के गरिमामय आयोजन के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप अधिक से अधिक बच्चों का विद्यालयों में नामांकन सुनिश्चित करने, ड्रॉपआउट बच्चों को दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया जाएगा।
जारी निर्देशों के अनुसार शाला प्रवेश उत्सव के दौरान स्कूलों में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत बैनर-पोस्टर लगाए जाएंगे, रैलियां निकाली जाएंगी और स्थानीय जनप्रतिनिधियों व स्कूल विकास समितियों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। स्कूल खुलने से पहले भवनों की साफ-सफाई, मरम्मत और परिसर को आकर्षक बनाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विभाग ने अधिकारियों को आंगनबाड़ी केंद्रों के सहयोग से नए विद्यार्थियों की सूची तैयार कर अधिकतम बच्चों का प्रवेश सुनिश्चित करने, स्कूल छोड़ चुके बच्चों की पहचान कर उन्हें पुनः नामांकित करने तथा प्रवेश प्रक्रिया को उत्सव के रूप में आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही जिला, विकासखंड और संकुल स्तर पर कार्यक्रमों की निगरानी कर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी कलेक्टरों, जिला शिक्षा अधिकारियों, जिला पंचायतों, समग्र शिक्षा मिशन के अधिकारियों और संबंधित संस्थानों को निर्देशित किया है कि शाला प्रवेश उत्सव का आयोजन जनभागीदारी के साथ सफल बनाया जाए, ताकि प्रत्येक पात्र बच्चा विद्यालय तक पहुंच सके।







